संत और संघ कर रहे समाज, देश और संस्कृति का संरक्षण - पंडित प्रदीप मिश्रा

विश्व संवाद केंद्र, भोपाल    03-Jan-2026
Total Views |

hindu sammelan chhhapiheda
 
 
श्री रामलला प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव की वर्षगांठ पर छापिहेड़ा में विशाल हिंदू सम्मेलन का आयोजन हुआ, जिसमें हजारों की संख्या में महिलाएं कलश यात्रा में सम्मिलित हुई. कलश यात्रा नगर के मुख्य मार्ग से होते हुए हिंदू सम्मेलन स्थल पर पर पहुंची हिंदू सम्मेलन स्थल पर बने पंच कुंडी यज्ञ में लोगों ने नागरिक कर्तव्य का वाचन करते हुए हवन सामग्री अर्पित की पूरे नगर में होने वाले धार्मिक एवं सामाजिक आयोजनों की दिव्यता और भाव प्रदर्शनी लगी हुई थी.
 
संत वक्ता के रूप में साध्वी रंजना दीदी ने अपने उद्बोधन में कहा कि हिंदू ही सनातन का मुख्य आधार है.साध्वी जी ने कहा हिंदुओं को जात-पात का भेद मटकर एक सूत्र में रहना होगा साध्वी जी ने कहा जहां हिंदू कम हुआ वहां उत्पीड़न का शिकार हो रहा है देश तभी आगे बढ़ेगा जब हम जातिगत भेदभाव उच्च नीच हटा कर कंधे से कंधा मिलाकर,एक साथ चलेंगे मंच पर सभी समाज के प्रमुख संत जन में उपस्थित थे.
 
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह क्षेत्र कार्यवाह हेमंत जी मुक्तिबोध ने संघ कि संघर्ष मय शताब्दी यात्रा पर विस्तार पूर्वक बढ़कर 100 वर्ष के संघ के संघर्ष को बताया. उन्होंने कहा कि संघ निरंतर अपनी यात्रा को अनेक प्रकार कि बधाओ को पार कर आबाद गति से चल रहा है. राष्ट्र कि सर्वेंगीन उन्नति हेतु संघ के स्वयंसेववक सतत समाज परिवर्तन करने में लगे हुए है. आज संघ समाज कि सज्जन शक्ति को साथ लेकर काम कर रहा है. पंडित प्रदीप मिश्रा जी ने पांच परिवर्तन पर कहा कि हमें कुटुंब में 15 दिन में एक बार एक साथ भोजन करना चाहिए परस्पर प्रेम व्यवहार से रहना चाहिए जातिगत भेदभाव उच्च नीच मिटाकर समरस भाव से रहना चाहिए. श्री मुक्तिबोध ने कहा भारत हिंदू राष्ट्र था हिंदू राष्ट्र है और हिंदू राष्ट्र रहेगा. वृक्ष शमशान मंदिर नदी सभी सबके लिए एक समान है आपने कहा हमको सप्ताह में 1 दिन सामूहिक रूप से इकट्ठा होना चाहिए प्रतिदिन मंदिर में जाना चाहिए...

hindu sammelan chhhapiheda 1
 

hindu sammelan chhhapiheda 2
 
 

hindu sammelan chhhapiheda 3
 
 

hindu sammelan chhhapiheda 4